Friday, November 18, 2016

कैंसर के खतरे से बचने के लिए क्‍या करें और क्‍या नहीं


 
अगर आप कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचना चाहते हैं तो आपको कुछ बातें हमेशा ध्यान में रखनी होगी ताकि आपके शरीर को किसी प्रकार का नुकसान न हो और वो आपकी लाइफ हेल्दी हो।

कई लोगों को कैंसर, आनुवांशिक बीमारी के रूप में हो जाता है जिसके लिए कुछ करना मुश्किल होता है। लेकिन अगर इंसान चाहे तो हेल्दी लाइफस्टाइल के जरिये कैंसर जैसी घातक बीमारी को भी मात दे सकता है। आईये जानते हैं कि कैंसर के खतरे से बचने के लिए आपको क्या काम करने चाहिए और क्या नहीं।

स्मोकिंग करने वाले लोगों को फेफड़ों, गले, साँस की नाली, भोजन नली में कैंसर का खतरा बहुत ज्यादा होता है, इसलिए धूम्रपान करने से बचें और स्वस्थ रहें।

हमेशा अपना वजन देखती रहें, अगर आपका वजन अचानक से बहुत ज्यादा गिरना शुरू हो जाता है तो ये सही संकेत नहीं है। आपको शीघ्र ही डॉक्टर को दिखाना चाहिए। पेट, सीने या आँतों में कैंसर होने पर वजन गिरना शुरू होना ही शुरुआती लक्षण होता है। आपका बी एम आई इंडेक्स, 25 होना चाहिए। अगर इतना नहीं है तो आपके शरीर में कुछ भयानक गड़बड़ी है। डॉक्टर द्वारा सजेस्ट किये जाने वाले सभी टेस्ट करवा लें। कई बार, कुछ बाहरी कारकों की वजह से भी कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है।

कोलेन कैंसर को मीट न खाकर अवॉयड किया जा सकता है, इसके लिए आपको स्‍वाद को त्‍यागना होगा और एक प्रॉपर फूड चार्ट को फॉलो करना होगा। आप कोशिश करें कि ज्‍यादा से ज्‍यादा फल और सब्‍जी का सेवन करें और एनर्जी बूस्‍ट करें। सुगर, सुगरी ड्रिंक, कैंडी, डेस्‍जर्ट, रिफाइंड ब्रेड और बेकरी के आइटम को कम से लें।

मेनोपॉज के बाद कई महिलाएं हारमोन्‍स ट्रांसप्‍लांट थेरेपी करवाती हैं जो कि घातक हो सकती है। अगर बहुत आवश्‍यक न हों तो उसे न ही करवाएं। कई महिलाओं के मामले में पाया गया है कि उन्‍हें ये करवाने के बाद ही यूटेराइन या ब्रेस्‍ट में कैंसर की समस्‍या हुई है।

Tuesday, November 15, 2016

सिर्फ 6 घंटो में ख़त्म कर सकते हैं शरीर में भरी पड़ी गंदगी इस अचूक उपाय से

शरीर में भरी बीमारियो की गंदगी का सफाया करने वाला जूस

शरीर के हर एक अंग को सफाई की आवशकता होती है। शरीर के कई अंग विषैले तत्वों को सोख लेते है , जब शरीर के किसी अंग में विषैले तत्वों की संख्या हद से बड जाती है तो शरीर के कई हिस्से अपना काम करना बंद कर देते है नतीजे में शरीर को कई बीमारियाँ लग जाती है। एक स्वस्थ्य जिंदगी का सबसे बड़ा राज यह है कि अपने शरीर से विषैले तत्वों को निकाला जाए जिसे हम Detoxification कहते है। इसलिए अब तक आप अपने शरीर के साथ जो बुरा करते आए हैं, उन्हें सुधार लें।


  1. एंटी-ऑक्सीडेंट की आदत डालें डीटाक्सीफाइ का सबसे अच्छा तरीका यह है कि आप ज्यादा से ज्यादा फल और हरी सब्जियां खाएं। इससे लीवर एंजाइम सक्रिय होंगे और शरीर में मौजूद नुकसानदायक पदार्थो को बाहर निकालने में मदद करेंगे।
  2. ऑर्गेनिक प्रोडक्ट का चयन करें कीटनाशक दवाइयों और विषैले तत्वों के खतरे से बचने का सबसे अच्छा तरीका है कि ऑर्गेनिक फूड का सहारा लिया जाए।
  3. हर्बल चाय का सेवन करें पाचन तंत्र की समस्या से निजात पाने के लिए ग्रीन टी या कैमोमाइल टी का सेवन करें। इससे नींद भी अच्छी आएगी। ये चाय शरीर में रक्त संचार को भी बढ़ाता है, जो शरीर से विषैले तत्वों को हटाने में मददगार होते हैं।
  4. खुद का एंटी-ऑक्सीडेंट बनाएं ज्यादा से ज्यादा लहसुन और अंडे खाएं। ये सल्फ्यूरिक तत्वों से भरपूर होते हैं। ये तत्व शरीर में ग्लूथाथीओन नामक एंटी-ऑक्सीडेंट के निर्माण में सहायक होते हैं। ये शरीर में मौजूद रसायन और भारी धातु सहित अन्य विषैले तत्वों को भी बाहर निकाल देते हैं।
  5. लेमन जूस पीएं एक ग्लास लेमन जूस पीने से न सिर्फ शरीर शुद्ध होता है, बल्कि इससे शरीर में क्षार की मात्रा भी बढ़ती है। यह एक सर्वश्रेष्ठ डीटाक्स ड्रिंक है। इसलिए ताजे लेमन जूस पीने पर ज्यादा ध्यान दें।
  6. चीनी को कहें ना अगर आप अपने शरीर के मेटाबोलिज्म को बढ़ाना चाहते हैं और इसे विषैले तत्वों से दूर रखना चाहते हैं, तो चीनी सेवन की मात्रा घटा दीजिए। हर तरह के मीठे से जहां तक हो सके दूरी बनाइए।
  7. ज्यादा पानी पीएं हर दिन करीब 8-12 ग्लास पानी पीएं। इससे शरीर में मौजूद विषैले तत्व मूत्र और पसीने के रास्ते से बाहर निकल जाएंगे।
  8. हल्का खाना खाएं लगातार हल्का आहार लें और करीब एक महीने तक शराब से दूर रहें। इस विधि से न सिर्फ आपकी ऊर्जा बढ़ेगी, बल्कि इससे आपके वजन के साथ-साथ कोलेस्ट्रोल और ब्लड सूगर का स्तर भी कम होगा।
  9. मसाज करवाएं अपने शरीर का अच्छे से मसाज करवाएं। इससे भी विषैले तत्वों से निजात मिलेगा।
  10. हर दिन 45 मिनट व्यायाम करें अपने दिन की शुरुआत ब्रिस्क वॉकिंग, रनिंग, जॉगिंग या साइकलिंग से करें। इससे शरीर के साथ-साथ दिमाग को भी लाभ पहुंचेगा।
  11. गहरी सांस लें गहरी सांस लें। इससे स्वास्थ्य बेहतर होने के साथ-साथ पूरे शरीर में ऑक्सीजन का भी अच्छे से संचार होगा।
  12. नाक की करें सफाई हम एक ऐसे वातावरण में रहते हैं, जो धूल और प्रदुषण से भरे पड़े हैं। इससे आपको एलर्जी हो सकती है। इससे बचने के लिए अपने नाक को नियमित रूप से धोएं। ऐसा करने पर वायु प्रदुषक से छुटकारा मिलेगा और नींद भी अच्छी आएगी।
  13. योग करें योग न सिर्फ डीटाक्सीफाइ में मददगार होता है, बल्कि इससे दिमाग को भी फायदा पहुंचता है। हर सुबह आप कुछ साधारण योग करके भी अपने शरीर के विषैले तत्वों से छुटकारा पा सकते हैं।
  14. जूस पीएं ताजे फलों और सब्जियों के जूस पीने की मात्रा को बढ़ाएं।
  15. आराम भी करें आलस्य और सुस्ती से छुटकारा पाने के लिए जरूरी है कि आप पर्याप्त नींद लें। इस बात को सुनिश्चित करें कि आप हर दिन 8 घंटे की नींद लेते हों।
  16. एक्स्फोलीएट अपने त्वचा से विषैले तत्व निकालने के लिए स्किन एक्स्फोलीएट करें। इससे शरीर का रक्त संचार भी बेहतर होगा।
  17. कुछ आदतों को छोड़ें अगर आप सिगरेट और शराब का अधिक सेवन करते हैं, तो यह आदत छोड़ दें। यहां तक की थोड़ा सिगरेट पीना भी शरीर के लिए नुकसानदायक होता है। इसके अलावा, अगर आप शराब पीते हैं, तो इसे जहां तक हो सके, कम से कम पीएं।

आवश्यक समग्री

  1. 1/3 कप पानी
  2. 1 अदरक
  3. 1 खीरा
  4. 1 गुथी धनिया
  5. ½ नीम्बू

बनाने की विधि

पहले धनिये को कद्दूकस कर लीजिये तांकि यह एक चमच रह जाए। खीरे को टुकड़ों में काट लीजिये। सारी समग्री को एकसाथ ब्लेंडर में डाल कर मिक्स कर लीजिये। यह एक झागदार मिश्रण में तब्दील हो जाएगा (आप चाहें तो इसमें शहद भी डाल सकते हो स्वाद के लिए)। रोजाना सोने से पहले इस ड्रिंक का सेवन आपको विषैले तत्वों से मुक्त कर देगा। कुछ ही दिनों में आपको फायदा हो जायेगा।
दादी नानी तथा पिता दादाजी के बातों का अनुसरण, संयम बरतते हुए समय के घेरे में रहकर जरा सा सावधानी बरतें तो कभी आपके घर में डॉ. नहीं आएगा। यहाँ पर दिए गए सभी नुस्खे और घरेलु उपचार कारगर और सिद्ध हैं। इसे अपनाकर अपने परिवार को निरोगी और सुखी बनायें। रसोई घर के सब्जियों और फलों से उपचार एवं निखार पा सकते हैं। उसी की यहाँ जानकारी दी गई है। इस साइट में दिए गए कोई भी आलेख व्यावसायिक उद्देश्य से नहीं है। किसी भी दवा, योग और नुस्खे को आजमाने से पहले एक बार नजदीकी आयुर्वेदिक चिकित्सक से परामर्श अवश्य ले लें।

Thursday, November 10, 2016

बुढ़ापे में लगभग 80% लोग मोतिया बिंद से ग्रसित होते है, बिना आपरेशन मोतिया बिंद की सटीक दवाँ, , शेयर करना ना भूले

बिना आपरेशन मोतिया बिंद की सटीक दवा मगर ये वैद्य या जानकार ही कर सकते हैं क्योंकि दवाँ बहुत मेहनत से बनती है। हर किसी के बस की बात नहीं और वैद्य भी बनाएँ तो हर तरह के उतार चढाओ को ध्यान मे रखते हुए ही बनायें।